नरायनपुर, मीरजापुर। टेडुआ स्थित शिव शक्ति वाटिका में भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की मासिक पंचायत हुई। प्रदेश उपाध्यक्ष सिद्धनाथ सिंह ने कहा कि जब किसान दुखी रहेगा आम जनता कैसे खुश रह सकती है।हम दुनियाभर के लोगों का पेट भरने का काम कर रहे हैं लेकिन हमारा ही पेट नहीं भर पा रहा है। आज हर चीज महंगा हो चुका है। कृषि से संबंधित उपकरण और यूरिया आदि चीजें भी महंगी हो चुकी हैं। ऐसे में हम खेती कैसे कर पा रहे हैं यह सिर्फ हम ही समझ सकते हैं। किसान धीरे – धीरे कमजोर होता जा रहा है।हमें सरकार से केवल निराशा ही निराशा मिल रहा है। फिर भी हम हिम्मत नहीं हारे हैं। जब तक हम किसानों को न्याय नहीं मिलेगा तब तक अपनी मांगों के लिए लड़ाई लड़ते रहेंगे। हमारा संघर्ष आखिरी सांस तक चलता रहेगा। मण्डल अध्यक्ष विंध्याचल अनिल सिंह ने कहा कि जमालपुर और गंगा की तराई में बसे ढाब क्षेत्र में बाढ़ के कारण बर्बाद हुए फसलों का मुआवजा सरकार जल्द से जल्द देने का काम करे।इन क्षेत्रों में जितने भी रास्ते खराब हो चुके हैं उन्हें अति शीघ्र दुरुस्त कराया जाए। सोनभद्र और भदोही जिला में बफर स्टॉक में डीएबीपी , यूरिया न होने से किसानों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, जल्द से जल्द इन जिलों में डीएपी – यूरिया की आपूर्ति कराई जाए।सोनभद्र जिला में बिजली मात्र 4 से 6 घंटे ही मिल पा रही है जिससे सिंचाई में असुविधा हो रही है। बिजली का समय बढ़ाया जाए।किसानों का कर्ज माफ किया जाय जिससे किसानों की आत्महत्या पर रोक लग सके। बैठक का संचालन प्रदीप सिंह पटेल ने किया।पंचायत में प्रदेश उपाध्यक्ष सिद्धनाथ सिंह, मण्डल अध्यक्ष अनिल सिंह,जिलाध्यक्ष कंचन सिंह फौजी, स्वामी दयाल सिंह, विजय सिंह, महेंद्र सिंह, राम महाल सिंह, मुकुटधारी सिंह, राम श्रृंगार सिंह, रामसूरत सिंह, लक्ष्मण, अरविंद पटेल आदि रहे।
